नई दिल्ली। महाराष्ट्र में विधानसभा चुनावों की घोषणा से पहले कांग्रेस आलकमान ने राज्य के नेताओं के साथ बैठक की। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के सरकारी आवास पर राहुल गांधी और अन्य केंद्रीय नेताओं ने महाराष्ट्र के नेताओं के साथ बैठक की। बताया जा रहा है कि खड़गे और राहुल गांधी ने महाराष्ट्र के नेताओं को गुटबाजी पूरी तरह से बंद करने का निर्देश दिया है। कांग्रेस आलाकमान ने महाराष्ट्र के नेताओं को समझाने के लिए हरियाणा की हार का भी हवाला दिया।
बताया जा रहा है कि राहुल ने पार्टी के नेताओं से कहा है कि हरियाणा की तरह महाराष्ट्र का हाल नहीं होना चाहिए। इसके लिए उन्होंने गुटबाजी रोकने और कांग्रेस की जीत के लिए काम करने को कहा। राज्य के नेताओं को अपना हित किनारे रख कर पार्टी के लिए काम करने को कहा गया। कांग्रेस के नेताओं को कहा गया कि जिस तरह हरियाणा में जाट बनाम गैर जाट का मुद्दा बना वैसे महाराष्ट्र में मराठा बनाम गैर मराठा या मराठा बनाम ओबीसी का मुद्दा नहीं बनना चाहिए।
जानकार सूत्रों का कहना है कि सोमवार को हुई बैठक में केंद्रीय नेतृत्व के महाराष्ट्र के नेताओं को बहुत स्पष्ट शब्दों में कहा कि उनको कौन बनेगा मुख्यमंत्री की बहस में नहीं फंसना है। गौरतलब है कि प्रदेश अध्यक्ष नाना पटोले और वरिष्ठ नेता बालासाहेब थोराट दोनों सीएम पद को लेकर बयान देते रहते हैं। कांग्रेस नेतृत्व ने कहा है कि इसका फैसला उसके ऊपर छोड़ा जाए। इसी तरह नेताओं को सीट बंटवारे पर सार्वजनिक बयान नहीं देने को कहा गया है। साथ ही घोषणापत्र को लेकर भी कोई वादा नहीं करने को कहा गया है।