ग्रामीण भारत में 93 फीसद घरों में शौचालय

नई दिल्ली। पेयजल एवं स्वच्छता मंत्रालय ने सर्वेक्षण के हवाले से बताया है कि ग्रामीण भारत में कि 93.1 प्रतिशत घरों में शौचालय की सुविधा है और उनमें से 96. 5 प्रतिशत शौचालयों का उपयोग करते हैं। मंत्रालय के अनुसार मिशन शुरू होने के बाद से 50 करोड़ लोगों ने खुले में शौच करना बंद कर दिया।

सरकार द्वारा राष्ट्रीय सालाना ग्रामीण स्वच्छता सर्वेक्षण (एनएआरएसएस) 2018-19 में 90.7 फीसद गांवों के ‘खुले में शौच मुक्त’ (ओडीएफ) होने की भी पुष्टि की गई है। इन गांवों को विभिन्न जिलों और राज्यों ने ओडीएफ घोषित किया था।

यह सर्वेक्षण एक स्वतंत्र सत्यापन एजेंसी ने पेयजल एवं स्वच्छता मंत्रालय की निगरानी में किया है। मंत्रालय ने कहा कि सर्वेक्षण नवंबर 2018 और फरवरी 2019 के बीच किया गया और यह 6136 गांवों के 92,040 घरों में किया गया। मंत्रालय ने कहा, यह पाया गया कि सर्वेक्षण की अवधि के दौरान 93.1 फीसद घरों में शौचालय की सुविधा थी और उनमें से 96.5 फीसद शौचालयों का उपयोग करते हैं।

सरकार ने कहा है कि 2014 में ‘स्वच्छ भारत मिशन’ शुरू होने के बाद शौचालयों के उपयोग को लेकर लाखों लोगों की आदतों में बदलाव आया है। मंत्रालय ने कहा कि मिशन शुरू होने के बाद से 50 करोड़ लोगों ने खुले में शौच करना बंद कर दिया। मिशन के तहत ग्रामीण भारत में नौ करोड़ से अधिक शौचालय बनाए गए। साथ ही 615 जिलों के 5. 5 लाख से अधिक गांवों को ओडीएफ घोषित किया गया है।

163 Views

बताएं अपनी राय!

नीचे नजर आ रहे कॉमेंट अपने आप साइट पर लाइव हो रहे है। हमने फिल्टर लगा रखे है ताकि कोई आपत्तिजनक शब्द, कॉमेंट लाइव न हो पाए। यदि ऐसा कोई कॉमेंट- टिप्पणी लाइव हुई और लगी हुई है जिसमें अर्नगल और आपत्तिजनक बात लगती है, गाली या गंदी-अभर्द भाषा है या व्यक्तिगत आक्षेप है तो उस कॉमेंट के साथ लगे ‘ आपत्तिजनक’ लिंक पर क्लिक करें। उसके बाद आपत्ति का कारण चुने और सबमिट करें। हम उस पर कार्रवाई करते उसे जल्द से जल्द हटा देगें। अपनी टिप्पणी खोजने के लिए अपने कीबोर्ड पर एकसाथ crtl और F दबाएं व अपना नाम टाइप करें।

आपका कॉमेट लाइव होते ही इसकी सूचना ईमेल से आपको जाएगी।